देवास जिले में होली से पहले भगोरिया हाट की धूम मची हुई है। और होली के पहले ही बाज़ार रंग गुलाल से सारोबार होता दिखाई दे रहा है। इसी कड़ी में कन्नौद के कुसमानिया में भी साप्ताहिक हाट को भगोरिया हाट के रूप में मनाया गया। जिसमें आसपास के आदिवासी समाज के लोगों ने बढ़ चढ़कर भाग लिया। इस दौरान 50 से 60 किलो वजनी 3 ढोल लेकर आदिवासी समाज के लोगों ने ढोल मांदल की थाप पर जमकर नृत्य किया। और एक दूसरे को गुलाल भी लगाया। हाट में कुसमानिया के बस स्टैंड ढोल प्रमुख और बारेला समाज प्रमुखों का साफा बांधकर स्वागत एवं सम्मान भी किया गया। भगोरिया हाट में आसपास के गाँव बड़ाखेत, भिलाई, सातल, जूना टाण्डा, उतावली, ककड़दी और खिवनी से आदिवासी लोगों के साथ-साथ अन्य समाज को लोग भी पहुँचे। इन लोगों ने भी हाट का जमकर लुफ्त उठाया और आदिवासियों के साथ मिलकर ढोल मांदल की थाप पर जमकर नृत्य किया।